विंटर टूरिज्म कॉन्क्लेव के बाद टूर ऑपरेटर्स का फेम टूर, उत्तरकाशी के शीतकालीन पर्यटन से हुए रूबरू
50 टूर ऑपरेटर्स तथा जनपद उत्तरकाशी के 150 से अधिक होटल व्यवसायी, होम-स्टे संचालक और ट्रैकिंग एजेंसी

Neeraj Uttarakhandi, Uttarkashi: उत्तरकाशी में शीतकालीन पर्यटन को नई पहचान दिलाने की दिशा में जिला प्रशासन और पर्यटन विभाग की पहल अब धरातल पर असर दिखाने लगी है। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य के निर्देशों पर विंटर टूरिज्म कॉन्क्लेव में शामिल देशभर से आए टूर ऑपरेटर्स के लिए पर्यटन विभाग द्वारा फेम टूर (परिचयात्मक भ्रमण) का आयोजन किया गया।
इस फेम टूर के तहत टूर ऑपरेटर्स के समूहों को मुखवा और खरसाली क्षेत्र भेजा गया, जहां उन्होंने देवभूमि की धार्मिक आस्था के साथ-साथ उत्तरकाशी के अनुपम प्राकृतिक सौंदर्य का अनुभव किया। टूर ऑपरेटर्स ने मुखवा, हर्षिल, भैरव घाटी, नेलांग, खरसाली यमुना मंदिर, खरसाली शनि मंदिर एवं सोमेश्वर मंदिर में दर्शन कर शीतकालीन पर्यटन की संभावनाओं को नजदीक से देखा।
गौरतलब है कि 14 जनवरी 2026 को उत्तरकाशी में शीतकालीन पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विंटर टूरिज्म कॉन्क्लेव का आयोजन किया गया था। इस कॉन्क्लेव में एसोसिएशन ऑफ डॉमेस्टिक टूर ऑपरेटर्स ऑफ इंडिया (ADTOI) एवं एडवेंचर टूर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (ATOAI) से जुड़े देश के विभिन्न राज्यों से आए 50 से अधिक टूर ऑपरेटर्स ने प्रतिभाग किया। इसके साथ ही उत्तराखंड के भी लगभग 50 टूर ऑपरेटर्स तथा जनपद उत्तरकाशी के 150 से अधिक होटल व्यवसायी, होम-स्टे संचालक और ट्रैकिंग एजेंसी स्वामियों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की।
जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने बताया कि फेम टूर आयोजित करने का मुख्य उद्देश्य उत्तरकाशी को 12 महीने का पर्यटन स्थल बनाना है, ताकि स्थानीय लोगों को वर्षभर रोजगार के अवसर मिल सकें और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले। उन्होंने कहा कि शीतकालीन पर्यटन उत्तरकाशी की बड़ी संभावनाओं में से एक है, जिसे राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई जाएगी।
एसोसिएशन ऑफ डॉमेस्टिक टूर ऑपरेटर्स ऑफ इंडिया के अध्यक्ष वेद खन्ना, जो स्वयं मुखवा और हर्षिल के फेम टूर में शामिल हुए, ने जिला प्रशासन की इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह प्रयास निश्चित रूप से रंग लाएगा और टूर ऑपरेटर्स के माध्यम से इन पर्यटन स्थलों का देशभर में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
उत्तर प्रदेश, दिल्ली, मध्य प्रदेश, गुजरात, पश्चिम बंगाल, त्रिपुरा, महाराष्ट्र, राजस्थान, तमिलनाडु और केरल सहित विभिन्न राज्यों से आए टूर ऑपरेटर्स ने जिला प्रशासन, पर्यटन विभाग और होटल एसोसिएशन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने विश्वास जताया कि भविष्य में यह सहयोग और अधिक मजबूत होगा और उत्तरकाशी को एक स्थायी पर्यटन गंतव्य के रूप में स्थापित करने में अहम भूमिका निभाएगा।




