बढ़ते अपराधों के बीच सीएम धामी की हाई लेवल मीटिंग, जवाबदेही होगी तय
सीएम ने कहा, सभी अपराधों पर तत्काल दर्ज किया जाए मुकदमा, ढिलाई बर्दाश्त नहीं

Rajkumar Dhiman, Dehradun: प्रदेश में बढ़ते अपराधों को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री आवास में उच्च स्तरीय बैठक कर कड़े निर्देश जारी किए। सीएम ने स्पष्ट कहा कि “कानून व्यवस्था पर किसी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं, परिणाम दिखने चाहिए, ढिलाई नहीं।”
मुख्यमंत्री ने डीजीपी को निर्देश दिए कि सभी अपराधों पर तत्काल मुकदमा दर्ज किया जाए और अपराधियों के खिलाफ कठोर एवं परिणामोन्मुखी कार्रवाई सुनिश्चित हो। उन्होंने पुलिस को स्पष्ट संदेश दिया कि प्रदेश में कानून का राज सर्वोच्च प्राथमिकता है और जनता की सुरक्षा से कोई खिलवाड़ नहीं होगा।
आदतन और संगठित अपराधियों पर कड़ी निगरानी
बैठक में मुख्यमंत्री ने आदतन अपराधियों और संगठित अपराध में संलिप्त तत्वों पर विशेष निगरानी रखने के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे व्यक्तियों की पहचान कर उनके विरुद्ध कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाए ताकि समाज में स्पष्ट संदेश जाए कि कानून का भय कायम है।
संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त बढ़ाने का आदेश
सीएम धामी ने निर्देश दिए कि थानों और चौकियों की कार्यप्रणाली को और मजबूत किया जाए तथा संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त व निगरानी बढ़ाई जाए। उन्होंने पुलिस को पूरी सक्रियता, सतर्कता और जवाबदेही के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।
शहरी क्षेत्रों में यातायात और सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए विशेष अभियान चलाने का भी आदेश दिया गया।
अपराध मुक्त उत्तराखंड की दिशा में सरकार के सख्त रुख
को दर्शाते हुए सीएम धामी ने अधिकारियों से कहा कि अपराधियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। प्रदेश की शांति भंग करने वालों के खिलाफ सबसे कठोर कार्रवाई की जाएगी। जनता को सुरक्षित महसूस कराना ही हमारी प्राथमिकता है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों की नियमित समीक्षा हो और हर स्तर पर जवाबदेही तय की जाए। उच्च स्तरीय बैठक में मुख्य सचिव, डीजीपी, सचिव गृह, एडीजीपी (लॉ एंड ऑर्डर), गढ़वाल कमिश्नर सहित शासन व पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।


