
Rajkumar Dhiman, Dehradun: ऋषिकेश में देर रात नियमित पुलिस चेकिंग के दौरान एक सनसनीखेज घटना सामने आई, जब हरियाणा से आए एक युवक ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की तत्परता और जवाबी कार्रवाई के चलते आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
चेकिंग देख घबराया, भागते हुए जंगल में छिपा
मंगलवार (7 अप्रैल) देर रात को ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत ऋषिकेश क्षेत्र में जंगलात बैरियर के पास पुलिस सघन वाहन चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान रानीपोखरी की ओर से आ रही एक संदिग्ध स्विफ्ट डिजायर कार को रोकने का संकेत दिया गया।
पुलिस को देखते ही चालक ने वाहन मोड़कर भागने की कोशिश की। पीछा करने पर काली मंदिर के पास उसकी कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खंभे से टकरा गई। इसके बाद वह कार छोड़कर पास के जंगल में भाग गया।
पुलिस पर की फायरिंग, जवाबी कार्रवाई में गिरफ्तारी
पुलिस टीम ने जब उसे आत्मसमर्पण के लिए कहा तो उसने जान से मारने की नीयत से गोली चला दी। जवाब में पुलिस ने घेराबंदी कर उसे काबू कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान इमरान (22) निवासी नूंह (मेवात), हरियाणा के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान आरोपी के पास से 315 बोर का तमंचा, एक जिंदा कारतूस, एक खोखा कारतूस और फर्जी नंबर प्लेट लगी स्विफ्ट डिजायर कार बरामद की गई। पुलिस ने कार की असली नंबर प्लेट भी कब्जे में ली है।
पूछताछ में खुलासा: पहले भी कर चुका है वाहन चोरी
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह एक अंतरराज्यीय वाहन चोरी गिरोह से जुड़ा है। करीब एक महीने पहले उसने अपने साथी के साथ ऋषिकेश क्षेत्र से एक डंपर चोरी कर उसे मेवात ले जाया था। मंगलवार रात वह दोबारा क्षेत्र में वाहन चोरी की रेकी करने आया था और गिरफ्तारी से बचने के लिए फर्जी नंबर प्लेट का इस्तेमाल कर रहा था।
मुकदमा दर्ज, साथी की तलाश जारी
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पुलिस टीम पर हमला (धारा 109/340 BNS), अवैध हथियार रखने (3/25 आर्म्स एक्ट) के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस अब आरोपी के फरार साथी की तलाश में जुटी है और चोरी किए गए डंपर की बरामदगी के लिए दबिश दी जा रही है।
एसपी देहात जया बलूनी ने बताया कि पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग क्यों की और उसके आपराधिक नेटवर्क के अन्य सदस्य कौन हैं।



