उत्तराखंड में दलेर मेहंदी के विवाद में उतरे मीका सिंह, कहा वह गायिकी छोड़ देंगे
कुंजापुरी मेले के दौरान मंच पर काबीना मंत्री सुबोध उनियाल ने दलेर को लगाई थी फटकार, दलेर पर लगे थे शराब पीकर गाने में असमर्थता के आरोप

Aryan Walia, Dehradun: उत्तराखंड के नरेंद्रनगर में आयोजित कुंजापुरी मेले में पंजाबी गायक दलेर मेहंदी की प्रस्तुति के दौरान हुए विवाद पर अब उनके छोटे भाई और मशहूर गायक मीका सिंह ने नाराजगी जताई है। मीका सिंह ने सोशल मीडिया पर वीडियो साझा कर दलेर मेहंदी के साथ मंच पर किए गए व्यवहार को निराशाजनक बताया और शराब पीने के आरोपों पर अपना पक्ष रखा।
मीका सिंह ने मंगलवार सुबह पोस्ट किए गए वीडियो में कहा कि कार्यक्रम के दौरान एक मंत्री ने मंच पर आकर दलेर मेहंदी पर शराब पीने का आरोप लगाया। उनके मुताबिक, यह व्यवहार उचित नहीं था। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह अपने भाई को अच्छी तरह जानते हैं और दलेर मेहंदी शराब नहीं पीते हैं। यदि कभी किसी ने ऐसा करते देखा है तो वह गायिकी छोड़ देंगे।
अस्वस्थ होने के बावजूद कर रहे हैं कार्यक्रम
मीका सिंह ने बताया कि दलेर मेहंदी पिछले दो वर्षों से अस्वस्थ हैं और अभी भी स्वास्थ्य में सुधार की प्रक्रिया से गुजर रहे हैं। इसके बावजूद वह अपने बैंड के साथ लगातार मंच पर प्रस्तुति दे रहे हैं। मीका ने उनके समर्पण का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसी परिस्थितियों में उनके साथ सम्मानजनक व्यवहार किया जाना चाहिए।
बैकिंग ट्रैक के इस्तेमाल पर भी उठाए सवाल
मीका सिंह ने कलाकारों की प्रस्तुतियों में इस्तेमाल होने वाले बैकिंग ट्रैक का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि आजकल कई कलाकार बैकिंग ट्रैक का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन उनसे इस तरह के सवाल नहीं पूछे जाते। ऐसे में दलेर मेहंदी को निशाना बनाया जाना उन्हें गलत लगा। मीका ने अपने भाई को भारत के सबसे बड़े सुपरस्टार्स में से एक बताते हुए कहा कि शायद उनकी लोकप्रियता के कारण उन्हें आसानी से निशाना बनाया जाता है।
क्या है पूरा मामला?
नरेंद्रनगर में आयोजित कुंजापुरी मेले के दौरान दलेर मेहंदी की स्टेज प्रस्तुति के समय विवाद सामने आया था। कार्यक्रम के दौरान मंत्री सुबोध उनियाल की टिप्पणी को लेकर चर्चा शुरू हुई थी। अब मीका सिंह के बयान के बाद यह मामला और अधिक सुर्खियों में आ गया है। मीका सिंह ने अपने बयान के जरिए दलेर मेहंदी का बचाव करते हुए उनके साथ हुए व्यवहार पर सवाल उठाए हैं। हालांकि, शराब पीने और प्रस्तुति को लेकर उठे विवाद के संबंध में संबंधित पक्षों के सभी दावों की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है।



