श्रीनगर नगर निगम में हंगामे के आसार: घटिया कूड़ेदानों पर भड़के पार्षद, चार माह बाद होने वाली बोर्ड बैठक घिरी सवालों में
वार्ड 40 के पार्षद संदीप रावत ने भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए; पार्षदों ने टेंडर प्रक्रिया और खरीद विवरण सार्वजनिक करने की मांग उठाई

Round The Watch News: नगर निगम श्रीनगर की बोर्ड बैठक मंगलवार को चार महीने बाद आयोजित होने जा रही है, लेकिन बैठक से पहले ही पार्षदों में तीखा आक्रोश उभरकर सामने आया है। निगम द्वारा शहर में वितरित किए गए निम्न गुणवत्ता वाले कूड़ेदानों को लेकर आज कई पार्षद निगम सभागार पहुँचे और खुलकर विरोध जताया।
पार्षदों का कहना है कि कूड़ेदान इतने कमजोर हैं कि कुछ ही दिनों में टूटकर बेकार हो गए, जिससे वार्डों में स्वच्छता व्यवस्था प्रभावित हो रही है। वार्ड 40 के पार्षद संदीप रावत ने मामले में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि खरीद प्रक्रिया संदिग्ध है और बोर्ड बैठक में इसे बड़ा मुद्दा बनाया जाएगा।
उन्होंने कहा, “निगम प्रशासन ने बिना गुणवत्ता जांच के घटिया सामान खरीदा है। इसमें वित्तीय अनियमितताओं की आशंका है। हम इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग करेंगे।”पार्षदों ने आरोप लगाया किकूड़ेदान खरीद से जुड़ा कोई विवरण सार्वजनिक नहीं किया गया।
टेंडर, फर्म चयन और लागत का रिकॉर्ड अब तक स्पष्ट नहीं है।
चार माह से बोर्ड बैठक न होने के कारण नगर के कई विकास कार्य ठप पड़े हैं। बोर्ड बैठक में इस मुद्दे पर तीखी बहस और हंगामे की पूरी संभावना है। दूसरी ओर, निगम प्रशासन का कहना है कि सभी खरीद निर्धारित प्रक्रिया के तहत की गई हैं और बैठक में सभी तथ्यों को रखा जाएगा।
शहर के नागरिक भी स्वच्छता व्यवस्था की गिरती स्थिति से चिंतित हैं। अब निगाहें आज की बोर्ड बैठक पर टिकी हैं कि क्या निगम इस मामले में पारदर्शी कार्रवाई करेगा या विवाद और गहराएगा।



