केदारनाथ यात्रा रोकी गई, मार्ग पर भूस्खलन के कारण गौरीकुंड से लौटाए गए श्रद्धालु
प्रशासन की अपील, मौसम अनुकूल होने तक आगे न बढ़ें यात्री

Amit Bhatt, Uttarakhand: रुद्रप्रयाग जिले में लगातार हो रही बारिश ने विश्व प्रसिद्ध केदारनाथ धाम यात्रा की रफ्तार थाम दी है। गौरीकुंड-केदारनाथ पैदल मार्ग पर कई स्थानों पर भूस्खलन और बोल्डर गिरने से रास्ता क्षतिग्रस्त हो गया है। यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए यात्रा को अस्थायी रूप से रोक दिया है। गौरीकुंड गेट से आगे किसी भी श्रद्धालु को जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है और वहां पहुंचे यात्रियों को वापस लौटाया जा रहा है।
लगातार बारिश के चलते पहाड़ों से मलबा और बड़े पत्थर गिरने की घटनाएं बढ़ गई हैं। पैदल मार्ग के कई हिस्से अत्यधिक संवेदनशील बने हुए हैं, जिससे नए भूस्खलन की आशंका लगातार बनी हुई है। प्रशासन, पुलिस, डीडीआरएफ और संबंधित विभागों की टीमें मौके पर तैनात हैं और स्थिति पर नजर रख रही हैं। साथ ही क्षतिग्रस्त हिस्सों को दुरुस्त करने और मार्ग को सुरक्षित बनाने का काम भी जारी है।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि मौसम सामान्य होने और प्रशासन की अनुमति मिलने तक केदारनाथ यात्रा के लिए प्रस्थान न करें। उन्होंने कहा कि पैदल मार्ग का सुरक्षा परीक्षण पूरा होने और विशेषज्ञों की ओर से सुरक्षित घोषित किए जाने के बाद ही यात्रा दोबारा शुरू की जाएगी।
वहीं, जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने यात्रियों और स्थानीय लोगों से मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि अफवाहों से बचें और केवल प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें। लगातार वर्षा के कारण पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है, ऐसे में अनावश्यक यात्रा से बचना ही सबसे सुरक्षित विकल्प है।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। जब तक पैदल मार्ग पूरी तरह सुरक्षित नहीं हो जाता, तब तक केदारनाथ धाम के लिए यात्रियों की आवाजाही पर रोक जारी रहेगी।
इस यात्रा सीजन में कब-कब रोकी गई केदारनाथ यात्रा?
उपलब्ध जानकारी के अनुसार वर्ष 2026 के यात्रा सीजन में मौसम और सुरक्षा कारणों से केदारनाथ यात्रा को कम से कम दो बार अस्थायी रूप से रोका गया है।
1. 31 मई 2026: रुद्रप्रयाग जिले में भारी बारिश और मौसम विभाग के ऑरेंज अलर्ट के बाद प्रशासन ने एहतियातन यात्रा रोक दी थी।
2. जुलाई 2026 (वर्तमान व्यवधान): लगातार मूसलाधार बारिश, भूस्खलन और पैदल मार्ग पर बोल्डर गिरने के कारण गौरीकुंड से आगे यात्रियों की आवाजाही रोक दी गई है।



