
Round The Watch News: देहरादून में सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक पुराने, लेकिन बेहद विवादित वीडियो को लेकर पुलिस ने कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। मुस्लिम समुदाय के खिलाफ कथित रूप से भड़काऊ बयानबाजी करते हुए तलवार लहराने के मामले में हिंदू रक्षा दल से जुड़े एक कार्यकर्ता सागर बजरंगी को गिरफ्तार किया है। वीडियो में उसके साथ दिखाई दे रहीं सुलेखा और शारदा की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगातार दबिश दे रही है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार यह वीडियो हाल में तेजी से वायरल हुआ, जिसके बाद नगर कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कर मुकदमा कायम किया गया। शिकायत में आरोप लगाया गया कि वीडियो में मौजूद लोग मुस्लिम समुदाय के खिलाफ आपत्तिजनक, उकसाऊ और हिंसा को बढ़ावा देने वाली भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे शहर में सांप्रदायिक तनाव पैदा होने की आशंका है।
15 सेकेंड के वीडियो ने बढ़ाई गंभीरता
करीब 15 सेकेंड की वायरल क्लिप में 03 लोग हाथों में तलवार लिए दिखाई दे रहे हैं। जिनके नाम सागर बजरंगी, सुलेखा और शारदा बताए जा रहे हैं। वीडियो में कोई व्यक्ति उनसे पूछता सुनाई देता है कि वे तलवार लेकर किसके खिलाफ खड़े हैं। इसके जवाब में तीनों कथित तौर पर मुस्लिमों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां करते हैं।
वीडियो में तलवार लहराते हुए मुस्कुराने और उसकी धार दिखाने जैसे दृश्य भी सामने आए हैं। पुलिस का मानना है कि इस तरह की सामग्री सोशल मीडिया पर तेजी से फैलकर कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती बन सकती है। लिहाजा, पुलिस मामले में किसी तरह की ढील बरतने को तैयार नहीं है।
शिकायत के बाद दर्ज हुई FIR
मामले में कैफ खान की ओर से लिखित तहरीर दी गई, जिसके आधार पर थाना कोतवाली नगर, देहरादून में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 196(1)(a) और 299 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
धारा 196(1)(a) धार्मिक आधार पर वैमनस्य फैलाने, घृणा या शत्रुता को बढ़ावा देने से जुड़ी मानी जाती है, जबकि धारा 299 का संबंध जानबूझकर अपमानजनक या उकसाऊ शब्दों और कृत्यों से है, जो शांति व्यवस्था को प्रभावित कर सकते हैं।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल आरोपी युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। वीडियो में नजर आ रही दोनों महिलाओं की पहचान पहले से सामने आई घटनाओं के आधार पर की जा रही है और उनकी गिरफ्तारी के लिए टीम गठित कर दी गई है।
हाईवे विवाद से जुड़ रहे तार
जांच एजेंसियां इस वीडियो को हाल में दिल्ली-देहरादून हाईवे पर लिखे गए विवादित संदेश वाले मामले से भी जोड़कर देख रही हैं। उसी प्रकरण में दो महिलाओं (सुलेखा और शारदा) पर सड़क किनारे “मुसलमानों के लिए सड़क नहीं” जैसे भड़काऊ संदेश लिखने के आरोप लगे थे। उस मामले में भी पुलिस कार्रवाई हुई थी और सहारनपुर पुलिस ने सुलेखा, शारदा और जितेंद्र राघव को गिरफ्तार किया था।
संगठन की प्रतिक्रिया से बढ़ा विवाद
मामले में हिंदू रक्षा दल के स्थानीय पदाधिकारी ललित शर्मा का बयान भी विवाद का विषय बन गया है। उन्होंने सार्वजनिक रूप से कहा कि उनके कार्यकर्ता धर्म के लिए लड़ने को तैयार हैं और वे कानूनी कार्रवाई का सामना करने से पीछे नहीं हटेंगे। पुलिस अब इस बयान की भी समीक्षा कर रही है कि कहीं यह किसी प्रकार से और तनाव को बढ़ाने वाला तो नहीं है। संगठन से जुड़े पहले के कुछ विवाद भी जांच के दायरे में बताए जा रहे हैं।
पुलिस की आगे की कार्रवाई
देहरादून पुलिस का कहना है कि वीडियो के मूल स्रोत, रिकॉर्डिंग की तारीख, लोकेशन और इसे सोशल मीडिया पर फैलाने वालों की भी जांच की जा रही है। साइबर टीम से भी सहयोग लिया जा रहा है ताकि वीडियो के प्रसार की पूरी श्रृंखला का पता लगाया जा सके। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल शहर में एहतियातन संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है और सोशल मीडिया मॉनिटरिंग भी तेज कर दी गई है।



