तहसील का संग्रह अमीन और वरिष्ठ सहायक घूस लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
तहसील सितारगंज में घूसखोरी का भंडाफोड़, जमीन और KCC लोन की फाइलें निपटाने के नाम पर मांगी घूस

Rajkumar Dhiman, Dehradun: उत्तराखंड में भ्रष्टाचार के खिलाफ सतर्कता अधिष्ठान की कार्रवाई लगातार तेज होती जा रही है। बुधवार को ऊधमसिंहनगर जिले की तहसील सितारगंज में सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) ने बड़ी ट्रैप कार्रवाई करते हुए संग्रह अमीन मदन लाल शर्मा और वरिष्ठ सहायक भूपेंद्र सिंह राणा को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
शिकायतकर्ता ने सतर्कता अधिष्ठान से शिकायत की थी कि उसकी भूमि पर लगी कुर्की समाप्त करने, जमीन को बंधनमुक्त कराने तथा उसकी पत्नी के KCC लोन पर जारी रिकवरी सर्टिफिकेट (RC) की कार्रवाई खत्म करने के बदले दोनों कर्मचारी रिश्वत मांग रहे हैं।
शिकायत के अनुसार संग्रह अमीन मदन लाल शर्मा ने 10 हजार रुपये और वरिष्ठ सहायक भूपेंद्र सिंह राणा ने 6 हजार रुपये की मांग की थी।
प्रारंभिक जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद पुलिस अधीक्षक, सतर्कता अधिष्ठान सेक्टर हल्द्वानी के निर्देश पर निरीक्षक के नेतृत्व में ट्रैप टीम गठित की गई।
बुधवार 29 जुलाई 2026 को विजिलेंस टीम ने जाल बिछाया। कार्रवाई के दौरान संग्रह अमीन मदन लाल शर्मा को शिकायतकर्ता से 8 हजार रुपये तथा वरिष्ठ सहायक भूपेन्द्र सिंह राणा को 6 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए तहसील सितारगंज कार्यालय से रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों का विवरण
-मदन लाल शर्मा, पुत्र किशोरी लाल शर्मा, निवासी बोरिंगवाली गली, सितारगंज (संग्रह अमीन)
-भूपेंद्र सिंह राणा, पुत्र प्रताप सिंह राणा, निवासी आमखेड़ा पट्टी बलखेड़ा, नानकमत्ता, जनपद ऊधमसिंहनगर (वरिष्ठ सहायक)
दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है। मामले की विवेचना जारी है। सतर्कता निदेशक डॉ. वी. मुरूगेशन ने आम जनता से अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी रिश्वत मांगता है तो उसकी सूचना टोल फ्री नंबर 1064 या व्हाट्सएप हेल्पलाइन 9456592300 पर दें।



