हरिद्वार में दिनदहाड़े खनन टीम पर हमला, जब्त ट्रैक्टर छुड़ाकर फरार हुए माफिया
लक्सर क्षेत्र की घटना, नामजद दर्ज किया गया है मुकदमा

Rajkumar Dhiman, Dehradun: जिले के लक्सर क्षेत्र में अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंची खनन विभाग की टीम पर दबंगों द्वारा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि हमलावरों ने विभागीय कर्मचारियों के साथ मारपीट की, सरकारी बोलेरो वाहन के शीशे तोड़ दिए और विभाग द्वारा जब्त किए गए ओवरलोड ट्रैक्टर को जबरन छुड़ाकर फरार हो गए। घटना में विभागीय टीम के कई सदस्य घायल हुए हैं। पुलिस ने नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।
पहले की गई कार्रवाई के बाद मिल रही थीं धमकियां
माइनिंग विभाग के फील्ड इंचार्ज तेजा साई राज ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि 13 जुलाई को विभागीय टीम ने रायसी-लक्सर रोड पर अवैध खनन और ओवरलोडिंग के खिलाफ अभियान चलाया था। इस दौरान दो ट्रैक्टर जब्त किए गए थे। विभाग का आरोप है कि इसी कार्रवाई के बाद मुख्य आरोपी दीपक चौहान लगातार विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों को धमकियां दे रहा था। विभाग का कहना है कि पुरानी रंजिश के चलते ही टीम को निशाना बनाया गया।
रायसी चेकपोस्ट पर कार्रवाई के दौरान हुआ हमला
सोमवार को माइनिंग विभाग की टीम रायसी चेकपोस्ट पर वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान शाहरून का एक ओवरलोड ट्रैक्टर पकड़ा गया। टीम जब ट्रैक्टर को जब्त करने की प्रक्रिया पूरी कर रही थी, तभी दीपक चौहान, शाहरून, हरेंद्र और उनके कई साथी मौके पर पहुंच गए।
आरोप है कि सभी ने लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से विभागीय टीम पर हमला बोल दिया। हमलावरों ने कर्मचारियों के साथ मारपीट की, सरकारी बोलेरो वाहन के शीशे तोड़ दिए और जब्त किए गए ट्रैक्टर को जबरन छुड़ाकर मौके से फरार हो गए। जाते-जाते आरोपियों ने टीम को जान से मारने की धमकी भी दी।
टीम के सदस्य घायल, वाहन को पहुंचा नुकसान
हमले में सरकारी बोलेरो के चालक दीप सिंह सहित विभागीय टीम के अन्य सदस्यों को चोटें आईं। घटना के बाद माइनिंग विभाग ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी।
नामजद एफआईआर दर्ज, गिरफ्तारी के लिए दबिश
सीओ लक्सर देवेंद्र नेगी ने बताया कि माइनिंग विभाग की तहरीर के आधार पर दीपक चौहान, शाहरून, हरेंद्र समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। साथ ही आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।



