पटाखा कारोबारियों पर जीएसटी का शिकंजा, पांच टीमों ने तीन शहरों में की छापेमारी, 90 लाख रुपये जमा
काशीपुर, रुद्रपुर और किच्छा में पटाखा कारोबारियों के प्रतिष्ठानों की जांच, खरीद-बिक्री और स्टॉक के दस्तावेज खंगाले

Rajkumar Dhiman, Dehradun: त्योहारों के सीजन में पटाखों की भारी बिक्री के बीच राज्य कर विभाग ने कर चोरी करने वाले कारोबारियों पर एक बार फिर शिकंजा कस दिया है। राज्य कर आयुक्त प्रतीक जैन के निर्देश पर विभाग ने देहरादून के बाद कुमाऊं मंडल के तीन शहरों में पटाखा कारोबारियों के प्रतिष्ठानों पर एक साथ जांच अभियान चलाया। पांच अलग-अलग टीमों ने काशीपुर, रुद्रपुर और किच्छा में व्यापारिक प्रतिष्ठानों की जांच की। इस कार्रवाई के दौरान विभाग ने कुल 90 लाख रुपये जमा कराए हैं।
अपर आयुक्त रुद्रपुर राकेश वर्मा के निर्देशन में संयुक्त आयुक्त (विशेष अनुसंधान शाखा) काशीपुर श्याम तिरुवा ने पांच टीमों का गठन कर अभियान को अंजाम दिया। टीमों ने पटाखा कारोबारियों के प्रतिष्ठानों पर पहुंचकर खरीद-बिक्री से जुड़े रिकॉर्ड, उपलब्ध स्टॉक और अन्य व्यावसायिक दस्तावेजों का बारीकी से सत्यापन किया। विभागीय कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य पटाखों की बिक्री से मिलने वाले राजस्व को सुरक्षित करना और संभावित कर चोरी पर अंकुश लगाना रहा।
कार्रवाई के दौरान कुल 90 लाख रुपये जमा कराए जाने को विभाग की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। हालांकि, विभागीय प्रेस नोट में यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि जमा कराई गई धनराशि कर, बकाया अथवा अन्य देयताओं के रूप में किस मद में जमा हुई है। इसी तरह जांच में सामने आई अनियमितताओं और संबंधित कारोबारियों के नामों का भी खुलासा नहीं किया गया है।
उपायुक्त (एसआइबी) रुद्रपुर मौ. इशाक खान के नेतृत्व में चले अभियान में सहायक आयुक्त डॉ. रिंकू सिंह, संतोष सिंह, कविता पाठक, अमर सिंह, दीपक कुमार और अनिल चौहान सहित राज्य कर विभाग के अधिकारियों की टीम शामिल रही। इसके अलावा मुकेश पांडे, विश्वजीत सिंह, निशा, आकांक्षा, धर्मेंद्र कुमार, सतीश पाल, अजय प्रकाश, सुभाष बंसल, प्रशांत कुमार, विनोद पंवार और कुशल रौतेला समेत करीब 20 अधिकारियों ने अभियान में भाग लिया।



