crimeDehradunEducation

ड्रग माफिया भी पढ़ रहे दून के कॉलेजों में, छात्रों को बना रहे आसान शिकार; छह छात्र गिरफ्तार

दिल्ली के ड्रग माफिया सिद्धू गैंग के पैडलर के रूप में चिह्नित किए गए छात्र, कॉलेजों में बेचते थे एमडीएमए

Rajkumar Dhiman, Dehradun: दून पुलिस ने ड्रग्स तस्करी के जिस मामले का खुलासा किया है, उसने ड्रग रैकेट पर बड़ा प्रहार करने के साथ ही अभिभावकों की नई चिंता और चुनौती को भी बढ़ा दिया है। बेहद चौंकाने वाली बात है कि राजधानी दून के शिक्षण संस्थानों में सामान्य छात्रों के साथ ड्रग माफिया या ड्रग पैडलर भी पढ़ रहे हैं। करीब 4.50 लाख रुपये की एमडीएमए के साथ गिरफ्तार किए गए छह छात्रों को ड्रग पैडलर के रूप में चिह्नित किया गया है। ये छात्र दिल्ली के ड्रग माफिया सिद्धार्थ उर्फ सिद्धू के गैंग के लिए काम कर रहे थे और कॉलेजों में छात्रों को आसान शिकार बना रहे थे।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून के निर्देश पर थाना राजपुर और एएनटीएफ की संयुक्त टीम ने 22 सितंबर की रात अलग-अलग स्थानों पर कार्रवाई की। शहंशाही रिजॉर्ट, ओल्ड मसूरी रोड के पास मुखबिर की सूचना पर एक कार से चार आरोपितों वेदांत चौहान, रचित शर्मा, श्रीकांत ममगांई और चिराग रस्तोगी को 27.12 ग्राम एमडीएमए के साथ गिरफ्तार किया गया। वहीं, सहस्त्रधारा हेलीपैड के पास से अभिषेक थापा और वैभव ममगांई को 17.49 ग्राम एमडीएमए के साथ पकड़ा गया। पुलिस ने कुल 44.61 ग्राम एमडीएमए बरामद की है, जिसकी अनुमानित कीमत 4.50 लाख रुपये बताई गई है।

सिद्धू गैंग से मिलता था ड्रग्स का नेटवर्क
पूछताछ में आरोपितों ने पुलिस को बताया कि वे देहरादून के अलग-अलग क्षेत्रों में रहते हैं और देहरादून व अन्य राज्यों के विभिन्न शिक्षण संस्थानों से तकनीकी कोर्स कर रहे हैं। पुलिस के अनुसार, सभी सिद्धार्थ उर्फ सिद्धू के लिए काम करते थे और उसके पैडलर थे। दिल्ली निवासी सिद्धार्थ उर्फ सिद्धू या उसके एजेंट समय-समय पर देहरादून आकर उन्हें एमडीएमए उपलब्ध कराते थे। कभी-कभी आरोपित सिद्धू के कहने पर पंजाब, दिल्ली और उत्तर प्रदेश जाकर भी उससे एमडीएमए व अन्य मादक पदार्थ लेकर देहरादून आते थे।

पुलिस के मुताबिक, आरोपित विशेष रूप से कॉलेज छात्रों को ऊंचे दाम पर एमडीएमए बेचते थे। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार सभी आरोपित अच्छे परिवारों से हैं और उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। पूछताछ में उन्होंने महंगे शौक पूरे करने के लिए नशे के अवैध कारोबार में शामिल होने की बात बताई है। पुलिस ने इस मामले में थाना राजपुर में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21/29/60 के तहत अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए हैं।

छहों आरोपितों की पहचान
गिरफ्तार आरोपितों में वेदांत चौहान (21) पुत्र भानु प्रताप निवासी नालापानी रोड, देवलोक कॉलोनी, थाना रायपुर; रचित शर्मा (21) पुत्र संजय शर्मा निवासी लाडपुर, थाना रायपुर; श्रीकांत ममगांई (22) पुत्र राजीव निवासी आरके पुरम, लोअर अधोईवाला; चिराग रस्तोगी (24) पुत्र प्रदीप रस्तोगी निवासी तपोवन रोड, नालापानी, थाना रायपुर; अभिषेक थापा (21) पुत्र सुशील थापा निवासी मकान नंबर 302, लाडपुर, थाना रायपुर और वैभव ममगांई (21) पुत्र रविकांत निवासी आमवाला, रायपुर शामिल हैं।

इग्निस कार और 12 पॉलिथीन पैकेट भी बरामद
पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से 44.61 ग्राम एमडीएमए ड्रग्स, अनुमानित कीमत 4.50 लाख रुपये, वाहन संख्या UK 07 DE 4167 (इग्निस कार) और 12 पॉलिथीन पैकेट बरामद किए हैं।

कार्रवाई में थाना राजपुर के थानाध्यक्ष उपनिरीक्षक पीडी भट्ट, चौकी प्रभारी आइटी पार्क उपनिरीक्षक प्रवेश रावत, उपनिरीक्षक अनित कुमार, कांस्टेबल अमित, मुकेश, राज सिंह, संजीत और रविंदर शामिल रहे। एएनटीएफ टीम में उपनिरीक्षक देवेंद्र गुप्ता, हेड कांस्टेबल गौरव कुमार, हेड कांस्टेबल नरेंद्र पुरी, कांस्टेबल मुस्तकीम, गौरव, जितेंद्र (एसओजी), सोनी कुमार (एसओजी) और विपिन कुमार (एसओजी) शामिल रहे। पुलिस के अनुसार कार्रवाई मुख्यमंत्री की ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि’ की परिकल्पना के तहत नशा तस्करी के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button