चारधाम यात्रा का फेसबुक पर फर्जी फेज, एसटीएफ मेटा के साथ बनाएगी समन्वय
STF और I4C ने गूगल मीट के माध्यम से बैठक कर फर्जी फेसबुक अकाउंट को चिह्नित करने की बनाई रणनीति

Rajkumar Dhiman, Dehradun: चारधाम यात्रा से पहले साइबर ठगों ने अपनी सक्रियता तेज कर दी है। हेलीकॉप्टर बुकिंग के नाम पर श्रद्धालुओं को निशाना बनाकर बड़े स्तर पर ठगी की साजिश रची जा रही है। इस गंभीर खतरे को देखते हुए स्पेशल टास्क फोर्स (STF) उत्तराखण्ड और Indian Cyber Crime Coordination Centre (I4C), नई दिल्ली ने संयुक्त रूप से कमर कस ली है।
फर्जी फेसबुक पेज बनाकर हो रही ठगी
एसटीएफ की जांच में खुलासा हुआ है कि ठग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Meta Platforms (Facebook) पर पवन हंस लिमिटेड के नाम से फर्जी अकाउंट और पेज बनाकर श्रद्धालुओं को भ्रमित कर रहे हैं। ये गिरोह हेलीकॉप्टर बुकिंग के नाम पर लोगों से ऑनलाइन पैसे ऐंठ रहे हैं।
बताया जा रहा है कि ये साइबर ठग फर्जी वेबसाइट, मोबाइल नंबर और सोशल मीडिया पेज का इस्तेमाल कर बेहद प्रोफेशनल तरीके से लोगों को जाल में फंसा रहे हैं। प्राथमिक जांच में इस पूरे नेटवर्क की जड़ें बिहार तक पहुंचती नजर आ रही हैं।
चारधाम और केदारनाथ यात्रा पर खास फोकस
आगामी Char Dham Yatra, खासकर केदारनाथ यात्रा के दौरान हेलीकॉप्टर सेवाओं की भारी मांग को देखते हुए ठगों ने इसे आसान टारगेट बना लिया है। श्रद्धालु जल्दबाजी और भीड़ से बचने के लिए ऑनलाइन बुकिंग करते हैं, जिसका फायदा उठाकर ठगी को अंजाम दिया जा रहा है।
STF और I4C का एक्शन प्लान
Google Meet के जरिए हुई उच्चस्तरीय बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। जैसे-फर्जी अकाउंट और पेज को तुरंत चिन्हित कर ब्लॉक/टेकडाउन कराया जाएगा। Meta के साथ समन्वय कर सख्त कार्रवाई की जाएगी। संदिग्ध मोबाइल नंबर और बैंक खातों की निगरानी बढ़ाई जाएगी।साइबर ठगी रोकने के लिए बड़े स्तर पर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा
श्रद्धालुओं के लिए अलर्ट
एसटीएफ ने साफ कहा है कि हेलीकॉप्टर बुकिंग केवल आधिकारिक वेबसाइट या प्रमाणित माध्यम से ही करें।किसी भी अनजान लिंक, फेसबुक पेज या मोबाइल नंबर पर भरोसा न करें। भुगतान करने से पहले पूरी तरह सत्यापन जरूर करें।
चारधाम यात्रा पंजीकरण के लिए WhatsApp नंबर 8394833833 को अधिकृत माध्यम बताया गया है। इस नंबर पर “यात्रा” लिखकर भेजने पर आपको आधिकारिक वेबसाइट और सही जानकारी मिल सकती है।
ठगी हो जाए तो तुरंत करें शिकायत
यदि किसी को साइबर ठगी का संदेह हो या वह इसका शिकार हो जाए, तो तुरंत राष्ट्रीय हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें या National Cyber Crime Reporting Portal पर शिकायत दर्ज करें।
कुल मिलाकर, आस्था के इस बड़े पर्व से पहले साइबर ठगों का जाल भी तेजी से फैल रहा है। ऐसे में सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है। वरना एक क्लिक में आपकी मेहनत की कमाई साफ हो सकती है।



