देहरादून में IPL सट्टेबाजी का बड़ा भंडाफोड़, महादेव एप के अंतर्राष्ट्रीय नेटवर्क का खुलासा
दुबई से संचालित महादेव नेटवर्क से जुड़े तार, पुलिस-STF की संयुक्त कार्रवाई में 5 गिरफ्तार

Amit Bhatt, Dehradun: देहरादून में आईपीएल मैचों पर ऑनलाइन सट्टेबाजी के बड़े नेटवर्क का खुलासा करते हुए देहरादून पुलिस और उत्तराखंड एसटीएफ की संयुक्त टीम ने “ऑपरेशन प्रहार” के तहत बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। बसंत विहार क्षेत्र में किराये के फ्लैट से संचालित हो रहे अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन सट्टा गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में इस गिरोह के तार दुबई से संचालित प्रतिबंधित महादेव एप और रेडीबुक बैटिंग एप से जुड़े पाए गए हैं।
ऋषि विहार कॉलोनी में चल रहा था ऑनलाइन सट्टे का अड्डा
एसएसपी देहरादून और एसएसपी एसटीएफ के निर्देशन में गठित संयुक्त टीम ने 7 मई की रात बसंत विहार थाना क्षेत्र की ऋषि विहार कॉलोनी स्थित एक फ्लैट में छापेमारी की। यहां आरोपी आईपीएल मैचों पर ऑनलाइन सट्टेबाजी करवा रहे थे। पुलिस ने मौके से पांच लोगों को गिरफ्तार किया, जो ऑनलाइन वेबसाइट और व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए ग्राहकों को जोड़कर सट्टा खिलाने का काम कर रहे थे।
भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से बड़ी मात्रा में डिजिटल और बैंकिंग सामग्री बरामद की। बरामद सामान में 03 लैपटॉप, 17 मोबाइल फोन, 22 एटीएम कार्ड, एयरटेल एक्सट्रीम फाइबर कनेक्शन, ऑनलाइन सट्टेबाजी से संबंधित डिजिटल सामग्री शामिल है। आरोपियों के खिलाफ थाना बसंत विहार में जुआ अधिनियम 1867 की धारा 3/4 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
दुबई से मिलते थे एप के एक्सेस और आईडी-पासवर्ड
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे “रेडीबुक बैटिंग एप” के माध्यम से आईपीएल मैचों में ऑनलाइन सट्टा खिलाते थे। एप की यूजर आईडी और पासवर्ड उन्हें सुमित यादव नामक व्यक्ति उपलब्ध कराता था, जो दिल्ली-गुरुग्राम में रहता है। आरोपियों के अनुसार सुमित यादव को यह एक्सेस दुबई से प्राप्त होता था। गिरोह पहले सट्टा खेलने वालों की आईडी बनाता था और फिर उनसे बैंक खातों में पैसे जमा कराकर ऑनलाइन सट्टा खिलवाता था। पुलिस को कई संदिग्ध बैंक खातों की जानकारी भी मिली है, जिनकी जांच जारी है।
महादेव एप से जुड़े होने के संकेत
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि सुमित यादव पहले प्रतिबंधित महादेव बैटिंग एप और उसके संचालक सौरभ चंद्राकर से जुड़ा हुआ था। भारत में महादेव एप पर प्रतिबंध लगने के बाद उसने रेडीबुक बैटिंग एप के जरिए अपना नेटवर्क संचालित करना शुरू कर दिया। जांच एजेंसियों को संदेह है कि पूरा नेटवर्क दुबई से ऑपरेट किया जा रहा है।
किराये के फ्लैट से संचालित हो रहा था रैकेट
पुलिस के अनुसार जिस फ्लैट में ऑनलाइन सट्टा संचालित किया जा रहा था, वह हरिद्वार निवासी अंकित कुमार का बताया जा रहा है। आरोपियों ने खुलासा किया कि यह फ्लैट सुमित यादव ने ही उन्हें किराये पर दिलवाया था और वह स्वयं भी समय-समय पर देहरादून आता-जाता रहता था।
पुलिस अब खंगाल रही पूरा नेटवर्क
एसटीएफ और देहरादून पुलिस अब बरामद इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों, बैंक खातों और डिजिटल ट्रांजैक्शन की गहन जांच कर रही है। साथ ही इस अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी तेज कर दी गई है।
गिरफ्तार आरोपी
सुनील शर्मा निवासी सरगुजा, छत्तीसगढ़
संदीप गुप्ता निवासी सरगुजा, छत्तीसगढ़
संदीप कुमार निवासी औरंगाबाद, बिहार
अकरंद शर्मा निवासी सरगुजा, छत्तीसगढ़
अभिषेक शर्मा निवासी सरगुजा, छत्तीसगढ़




