कर्णप्रयाग कांड की चिंगारी अब नगरासू गुरुद्वारे तक पहुंची, छत पर चढ़े निहंग, इलाके में बढ़ा तनाव
गुरुद्वारे में मौजूद सेवादारों और एक बाबा के साथ निहंगों की कहासुनी हुई, जो बाद में मारपीट में बदल गई

Rajkumar Dhiman, Uttarakhand: चमोली जिले में कर्णप्रयाग में हुई हिंसक घटना के बाद शनिवार को नगरासू स्थित गुरुद्वारे में तनावपूर्ण स्थिति पैदा हो गई। हेमकुंड साहिब यात्रा से जुड़े कुछ निहंग सिखों ने गुरुद्वारे परिसर में डेरा जमा लिया और कथित तौर पर गुरुद्वारे की छत पर चढ़कर कब्जे जैसी स्थिति बना दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुंच गया तथा हालात को नियंत्रित करने के प्रयास शुरू कर दिए गए।
स्थानीय लोगों के अनुसार, गुरुद्वारे में मौजूद सेवादारों और एक बाबा के साथ निहंगों की कहासुनी हुई, जो बाद में मारपीट में बदल गई। आरोप है कि इसके बाद कुछ निहंग गुरुद्वारे की छत पर चढ़ गए और नीचे उतरने से इनकार कर दिया। इससे नगरासू क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर एकत्र होने लगे।
क्या है पूरी पृष्ठभूमि?
दरअसल, 16 जून को कर्णप्रयाग में हेमकुंड साहिब यात्रा से लौट रहे कुछ निहंग श्रद्धालुओं और स्थानीय व्यापारियों के बीच पार्किंग और रास्ते को लेकर विवाद हुआ था। मामूली कहासुनी देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई। आरोप है कि इस दौरान तलवारें और अन्य धारदार हथियार भी निकाले गए, जिसमें कई लोग घायल हुए। घटना के बाद पुलिस ने चार निहंग यात्रियों को गिरफ्तार किया था। इनमें से तीन को न्यायिक हिरासत में भेजा जा चुका है जबकि एक घायल आरोपी अस्पताल में पुलिस निगरानी में है।
कर्णप्रयाग की घटना के बाद पूरे क्षेत्र में आक्रोश का माहौल बना हुआ है। गुरुद्वारा श्री हेमकुंड साहिब मैनेजमेंट ट्रस्ट ने भी घटना से दूरी बनाते हुए स्पष्ट किया था कि हिंसा का सिख धर्म और हेमकुंड यात्रा की मर्यादाओं से कोई संबंध नहीं है। ट्रस्ट ने श्रद्धालुओं से अनुशासन और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की थी।
नगरासू में क्यों बढ़ी संवेदनशीलता?
सूत्रों के अनुसार, कर्णप्रयाग प्रकरण के बाद क्षेत्र में पहले से ही तनाव का माहौल था। ऐसे में नगरासू गुरुद्वारे में हुई नई घटना ने स्थानीय प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। पुलिस किसी भी प्रकार की अफवाह या भीड़ जुटने की स्थिति को रोकने के लिए अतिरिक्त सतर्कता बरत रही है।
मौके पर पुलिस अधिकारियों ने दोनों पक्षों से बातचीत शुरू कर दी है। प्रशासन का प्रयास है कि मामला शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाया जाए और हेमकुंड साहिब यात्रा पर इसका कोई प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।
फिलहाल पुलिस ने लोगों से संयम बरतने और सोशल मीडिया पर अपुष्ट जानकारी साझा न करने की अपील की है। नगरासू में स्थिति तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में बताई जा रही है।
नोट: नगरासू गुरुद्वारे में कब्जा, मारपीट और छत पर चढ़ने संबंधी दावे स्थानीय सूत्रों के हवाले से सामने आए हैं। प्रशासन की आधिकारिक पुष्टि और विस्तृत बयान का इंतजार है।



