
Amit Bhatt, Dehradun: राजधानी के नेहरू कॉलोनी थाना क्षेत्र स्थित छह नंबर पुलिया की आदर्श कॉलोनी में पालतू कुत्तों को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते खूनी संघर्ष में बदल गया। घटना में देहरादून कोतवाली में तैनात एक दरोगा और उनका बेटा गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों के सिर पर धारदार हथियार से हमला किया गया, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। पुलिस ने दरोगा की तहरीर पर नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है, जबकि दूसरे पक्ष की शिकायत की भी जांच की जा रही है।
जानकारी के अनुसार, देहरादून कोतवाली परिसर निवासी दरोगा नवीन भारद्वाज दो जुलाई को अपने पोते के मुंडन कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आदर्श कॉलोनी आए थे। कार्यक्रम के बाद रात में वह अपने पालतू कुत्ते को चेन से बांधकर वाहन की ओर लौट रहे थे। आरोप है कि इसी दौरान पड़ोसी धर्मेंद्र प्रसाद भट्ट के घर से एक पिटबुल कुत्ता बाहर निकल आया और उनके कुत्ते पर हमला कर दिया।
दरोगा का आरोप है कि जब उन्होंने और उनके बेटे ने किसी तरह अपने कुत्ते को छुड़ाया तो दूसरे पक्ष ने मदद करने के बजाय गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर मामला हिंसक हो गया और आरोपित लाठी-डंडों तथा धारदार हथियार लेकर सड़क पर आ गए।
आरोप यह भी है कि इस दौरान दरोगा नवीन भारद्वाज के सिर पर धारदार हथियार से हमला किया गया, जिससे वे मौके पर ही बेहोश हो गए। बीच-बचाव करने पहुंचे उनके बेटे पर भी हमला किया गया। घायलों को दून अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान दरोगा के सिर में छह और उनके बेटे के सिर में दो टांके लगाए गए।
दरोगा ने कहा है कि मारपीट के दौरान उनके गले से सोने की चेन छीन ली गई और परिवार को जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने दरोगा की शिकायत पर धर्मेंद्र भट्ट, अंकित भट्ट, महेंद्र भट्ट, अंजलि भट्ट समेत 5-6 अन्य लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
नेहरू कॉलोनी थाना प्रभारी मनोज नौटियाल ने बताया कि घटना में दोनों पक्षों के लोगों को चोटें आई हैं। दोनों ओर से तहरीर मिली है। फिलहाल दरोगा पक्ष की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है, जबकि दूसरे पक्ष की शिकायत की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



