दून की फर्म ने कागजों में मोबाइल बेचकर हड़पा ITC, एसआईबी की छापेमारी में 35 लाख वसूले
धर्मपुर क्षेत्र की इलेक्ट्रानिक्स गुड्स की फर्म पर आयुक्त सोनिका के निर्देश पर कसा शिकंजा

Rajkumar Dhiman, Dehradun: राज्य कर (स्टेट जीएसटी) विभाग की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन ब्रांच (एसआईबी) ने कर चोरी के एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए धर्मपुर क्षेत्र की एक इलेक्ट्रॉनिक्स और मोबाइल फोन कारोबारी फर्म पर छापेमारी की। जांच में सामने आया कि फर्म ने वास्तविक खरीद-फरोख्त के साथ-साथ कागजों में ही मोबाइल की खरीद-बिक्री दिखाकर इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का गलत फायदा उठाया और सरकार को चूना लगाया।
एसआईबी की कार्रवाई के दौरान फर्म संचालक से मौके पर ही 35 लाख रुपये जमा कराए गए हैं। हालांकि विभाग का कहना है कि जांच अभी जारी है और आगे कर चोरी की रकम बढ़ने की संभावना भी है।
दरसल, राज्य कर विभाग को सूचना मिली थी कि कुछ इलेक्ट्रॉनिक्स गुड्स से जुड़ी फर्में फर्जी बिलों के जरिए आईटीसी का अनुचित लाभ ले रही हैं। इसी आधार पर आयुक्त राज्य कर सोनिका के निर्देश पर अपर आयुक्त डीएस नबियाल और संयुक्त आयुक्त अजय सिंह के नेतृत्व में टीम गठित कर धर्मपुर स्थित फर्म पर छापा मारा गया।
उपायुक्त एसआईबी के नेतृत्व में हुई जांच में पता चला कि फर्म पिछले करीब दो वर्षों से स्टॉक और बिक्री के रिकॉर्ड में गड़बड़ी कर रही थी। वास्तविक कारोबार के अलावा कागजों में भी खरीद-फरोख्त दिखाकर आईटीसी लिया जा रहा था और उसे कर देनदारी में समायोजित किया जा रहा था।
कार्रवाई के दौरान विभाग ने फर्म से जुड़े बड़ी संख्या में व्यापारिक दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक डेटा भी कब्जे में लिए हैं। इनकी जांच के बाद कर चोरी का आंकड़ा और बढ़ सकता है। इस कार्रवाई में उपायुक्त सुरेश कुमार के साथ टीआर चन्याल, अलीशा बिष्ट और असद अहमद समेत एसआईबी की टीम शामिल रही।



