इस विभाग का इंस्पेक्टर घूस लेते रंगे हाथों गिरफ्तार, डोल गया था ईमान
पेड़ों के कटान के लिए उद्यान निरीक्षक ने मांगे 16 हजार

Rajkumar Dhiman, Uttarakhand: ऊधमसिंह नगर जिले के किच्छा से भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई सामने आई है, जहां सतर्कता अधिष्ठान की टीम ने उद्यान विभाग के ज्येष्ठ उद्यान निरीक्षक को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ दबोच लिया। इस कार्रवाई से विभागीय तंत्र में हड़कंप मच गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता ने सतर्कता विभाग के टोल फ्री नंबर 1064 पर शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि ग्राम गऊघाट में उसने काश्तकारों से उनके निजी आम के पेड़ खरीदे हैं, जिन्हें काटने के लिए उद्यान विभाग से अनुमति आवश्यक है। आरोप है कि इस अनुमति के एवज में उद्यान विभाग के ज्येष्ठ उद्यान निरीक्षक बादल पाण्डे ने 16 पेड़ों को काटने की अनुमति देने के बदले 12,000 रुपये की रिश्वत की मांग की।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए सतर्कता अधिष्ठान, हल्द्वानी ने मामले की प्राथमिक जांच की, जिसमें आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। इसके बाद तत्काल थाना सतर्कता अधिष्ठान में अभियोग पंजीकृत किया गया और पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर निरीक्षक के नेतृत्व में एक ट्रैप टीम गठित की गई।
योजना के तहत आज 09 अप्रैल 2026 को ट्रैप टीम ने किच्छा स्थित उद्यान सचल दल केंद्र में जाल बिछाया। जैसे ही आरोपी निरीक्षक बादल पाण्डे ने शिकायतकर्ता से 12,000 रुपये की रिश्वत ली, टीम ने उसे मौके पर ही रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के दौरान मौके से रिश्वत की रकम भी बरामद की गई।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान बादल पाण्डे पुत्र बची राम पाण्डे, निवासी शक्ति विहार तल्ली हल्द्वानी (तीन पानी के पास, पुरानी आईटीआई के निकट) के रूप में हुई है। फिलहाल आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
इस कार्रवाई को लेकर सतर्कता विभाग का कहना है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ उनकी मुहिम लगातार जारी रहेगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। वहीं, इस गिरफ्तारी के बाद उद्यान विभाग के अन्य कर्मचारियों में भी खौफ का माहौल देखा जा रहा है।



