
Amit Bhatt, Dehradun: नेहरू कॉलोनी थाना क्षेत्र के अजबपुर कला स्थित एक ऑटो कार वर्कशॉप में घुसकर मारपीट, तोड़फोड़, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। पुलिस ने वर्कशॉप मैनेजर की तहरीर पर एक महिला समेत छह लोगों के खिलाफ विभिन्न गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि आरोपितों ने न केवल वर्कशॉप में घुसकर कर्मचारियों के साथ मारपीट की, बल्कि लाखों रुपये के नुकसान के साथ महत्वपूर्ण दस्तावेज भी अपने कब्जे में ले लिए। इस पूरी घटना की सीसीटीवी फुटेज भी सामने आई है।
एफआईआर के अनुसार, ऑटो हेवन कार वर्कशॉप, अजबपुर कला (सॉलिटेयर होटल के सामने) के मैनेजर नीरज शर्मा ने थाना नेहरू कॉलोनी में दर्ज कराई शिकायत में बताया कि 29 जून 2026 को सुबह करीब 9:30 बजे वह वर्कशॉप खोलने के बाद पूजा-अर्चना कर रहे थे। इसी दौरान कार्तिक चंदेल कुछ अन्य लोगों के साथ वर्कशॉप में घुस आया और आते ही गाली-गलौज व मारपीट शुरू कर दी।
महिला ने बाहर से गुंडे बुलाने की धमकी दी
एफआईआर में आरोप है कि सरिता चंदेल ने नीरज शर्मा को जान से मारने की धमकी देते हुए बाहर से गुंडे बुलाने की बात कही। इसके बाद अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए और सभी ने मिलकर वर्कशॉप में तोड़फोड़ शुरू कर दी। शिकायतकर्ता का आरोप है कि आरोपितों ने कर्मचारियों को धमकाया, ग्राहकों को वहां से भगा दिया और पूरे परिसर में दहशत फैला दी।
लोहे के पंच और सरियों से हमला करने का आरोप
शिकायत में कहा गया है कि बाद में सरदार हरपाल सिंह, जैशम सारंग और अन्य लोग भी मौके पर पहुंचे। आरोप है कि सभी ने मिलकर नीरज शर्मा के साथ मारपीट की और जान से मारने का प्रयास किया। एफआईआर में यह भी उल्लेख है कि आरोपित लोहे के पंच और सरिए मंगाने की बात कर रहे थे तथा वर्कशॉप में मौजूद लोगों को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दे रहे थे।
कर्मचारियों को बनाया निशाना, बाहर निकलने का रास्ता भी रोका
शिकायतकर्ता के अनुसार, आरोपितों ने वर्कशॉप कर्मचारियों के साथ भी मारपीट की और उन्हें बाहर नहीं निकलने दिया। कर्मचारियों ने किसी तरह वर्कशॉप मालिक को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस के हस्तक्षेप के बाद स्थिति सामान्य हुई।
तोड़फोड़ से आर्थिक नुकसान, दस्तावेज ले जाने का भी आरोप
एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि आरोपितों ने वर्कशॉप में तोड़फोड़ कर संपत्ति को नुकसान पहुंचाया। शिकायतकर्ता का कहना है कि मारपीट के दौरान उसके गले की चेन भी टूट गई। इसके अलावा वर्कशॉप से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज भी ले जाने का आरोप लगाया गया है।
एफआईआर में यह भी कहा गया है कि सरदार हरपाल सिंह करीब पांच-छह माह पहले वर्कशॉप में कार्यरत थे। उनके साथ हुए विवाद के बाद उन्हें हटाया गया था। आरोप है कि नौकरी छोड़ने के बाद उन्होंने वर्कशॉप के स्वामी राजकुमार धीमान के साथ बनाए गए किरायानामे से संबंधित मूल दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कर किसी कंपनी को सौंप दिया, जिसकी जानकारी वर्कशॉप प्रबंधन को नहीं थी। शिकायतकर्ता ने आशंका जताई है कि भविष्य में इन दस्तावेजों का दुरुपयोग किया जा सकता है।
इन लोगों को बनाया गया आरोपी
पुलिस ने शिकायत के आधार पर सरिता चंदेल, कार्तिक चंदेल, सरदार हरपाल सिंह, जीएस सारंग और चंदेल वर्कशॉप की संपत्ति मालिक और अन्य अज्ञात सहयोगी को आरोपी बनाया गया है।
एफआईआर के अनुसार, मामले की विवेचना उपनिरीक्षक विनय मोहन द्विवेदी को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों की जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।



