
Rajkumar Dhiman, Dehradun: देहरादून की पॉश कॉलोनी ‘एटीएस हेवेनली फूटहिल्स’ वैसे तो अधिकारियों, विज्ञानियों और तमाम पेशेवरों की अच्छी सोसाइटी मानी जाती है, मगर बीते कुछ समय से यहां से जो वीडियो बाहर आ रहे हैं, उनमें मारपीट, गाली-गलौज और दबंगई झलक रही है। पूरी सोसाइटी एक तरफ और बिल्डर पुनीत अग्रवाल एक तरफ। यह सभी वीडियो उनकी गुंडागर्दी के ही हैं। वर्ष 2021से बिल्डर पुनीत अग्रवाल पर तमाम तरह के संगीन आरोप लग रहे हैं। हाल में डीआरडीओ (डिफेंस इलेक्ट्रानिक्स एप्लिकेशन लैबोरेटरी) के वैज्ञानिक अनिरुद्ध शर्मा के साथ मारपीट करने और उनके कान के पर्दे को नुकसान पहुंचाने के मामले में फिर से चर्चा में आए पुनीत अग्रवाल पर पहले भी इसी तरह के आरोप लगे हैं।
इससे पहले वह वर्ष 2025 में कॉलोनी के अध्यक्ष अजय सिंह के साथ मारपीट कर चुके हैं। उन्हें बेहद भद्दी गालियां दे चुके हैं। साथ ही स्टेट जीएसटी के सहायक आयुक्त अंजनी से भी मारपीट की गई। दोनों ही मामलों में मुकदमा दर्ज किया गया था। अब वैज्ञानिक से मारपीट के प्रकरण में भी एफआईआर दर्ज की जा चुकी है। वहीं, वर्ष 2025 में बच्चों के पटाखा जलाने पर वह पिस्टल तान चुके हैं। बात-बात पर पिस्टल निकालने के चलते जिलाधिकारी सविन बंसल बिल्डर का शस्त्र लाइसेंस निलंबित कर चुके हैं। दूसरी तरफ सोसाइटी की आमसभा में बिल्डर की सदस्यता रद्द की गई।
बिल्डर की गुंडागर्दी के तमाम वीडियो सोशल मीडिया पर मौजूद हैं। गुंडागर्दी के नए मामले के बाद वैज्ञानिक का परिवार भय में है। डील के वैज्ञानिक अनिरुद्ध शर्मा की पत्नी हेम शिखा शर्मा, जो खुद भी डीआरडीओ के प्रतिष्ठान यंत्र अनुसंधान एवं विकास संस्थान (आईआरडीई) में वैज्ञानिक हैं, उन्होंने बिल्डर से जान का खतरा भी बताया है। उन्होंने एसएसपी को शिकायत दी है।
जिसमें कहा गया है कि बिल्डर ने पहले दिन में उनके ससुर को धमकाया और फिर शाम को उनके पति को अपने परिसर में बुलाकर पीटा। उनके ससुर को धमकाने और भद्दी गालियां देने का वीडियो भी सामने आया है। यह स्थिति बताती है कि बिल्डर पुनीत आदतन अपराधी की भांति बर्ताव करने लगा है। संभव है कि उन्हें गुंडा एक्ट में निरुद्ध किया जाए।
पुराने मामलों की बात की जाए तो 14 अगस्त 2021 में बिल्डर ने कॉलोनी निवासी स्नेहलता से गाली-गलौज की थी। इस मामले में मयूर विहार चौकी से लेकर एसएसपी व डीजीपी तक शिकायत की गई थी। तब ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो बिल्डर के हौसले बुलंद होते चले गए। जिसकी परिणीति आए दिन सामने आ रही है।
यहां तक कि तमाम वीडियो सामने आने के बाद पूर्व से ही पुलिस की भूमिका भी खास प्रभावी नहीं रही। एक वीडियो में तो पुलिस कर्मी खुद कॉलोनी के लोगों को दबाव में लेते दिख रहे हैं। बिल्डर और उनकी अभद्रता/प्रकरण से जुड़े सभी उपलब्ध वीडियो अनसेंसर्ड रूप में दिए जा रहे हैं। ताकि सभी वर्ग के लोग प्रकरण की गंभीरता का आकलन कर सकें। आपको यह भी बता दें कि बिल्डर पर नगर निगम की भूमि कब्जाने और अवैध निर्माण के भी आरोप लगे हैं। जिन पर कार्रवाई अलग-अलग स्तर से गतिमान है।



