मुस्लिम परिवार ने अपनाया हिंदू धर्म, हरिद्वार में गंगा में लगाई डुबकी और नाम भी बदल लिए
सहारनपुर के परिवार के पांच सदस्यों ने स्वेच्छा से अपनाया हिंदू धर्म

Rajkumar Dhiman, Uttarakhand: हरिद्वार में एक धार्मिक आयोजन के दौरान उत्तर प्रदेश के सहारनपुर निवासी एक परिवार ने अपनी आस्था बदलने का निर्णय लिया। नमामि गंगे घाट पर आयोजित इस कार्यक्रम में संतों की मौजूदगी में परिवार के 05 सदस्यों ने वैदिक रीति-रिवाजों के साथ हिंदू धर्म को स्वीकार किया।
अनुष्ठान के तहत पहले मुस्लिम परिवार को गंगा स्नान कराया गया, इसके बाद मंत्रोच्चार के बीच हवन किया गया और पारंपरिक जनेऊ धारण कराया गया। कार्यक्रम में शामिल संतों ने इसे “घर वापसी” की संज्ञा दी।
बदले गए नाम, अपनाई नई पहचान
परिवार के मुखिया मोहम्मद शहजाद का नाम बदलकर “शंकर” रखा गया, जबकि उनकी पत्नी रजिया अब “सावित्री” कहलाएंगी। उनके तीनों बच्चों के नाम भी बदल दिए गए। बेटे का नाम “रुद्र” और बेटियों के नाम “रुक्मिणी” व “दिशा” रखे गए।
बताया गया कि परिवार लंबे समय से एक संत के संपर्क में था और अपनी इच्छा से यह निर्णय लिया। कार्यक्रम के दौरान सामने आए एक वीडियो में परिवार के मुखिया अपने गुरु के प्रति श्रद्धा व्यक्त करते दिखाई दिए।
जानिए परिवार ने क्या कहा
परिवार के मुखिया ने बताया कि उनका झुकाव पहले से ही सनातन परंपराओं की ओर था। उन्होंने कहा कि समय के साथ उन्होंने अपनी आस्था को लेकर विचार किया और फिर परिवार के साथ मिलकर यह कदम उठाया। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें अपने पुराने परिचितों से संभावित खतरे की आशंका है, हालांकि अब वे अपने निर्णय पर कायम हैं।
संतों का पक्ष, स्वेच्छा से हुआ धर्म परिवर्तन
कार्यक्रम में मौजूद संतों का कहना है कि यह निर्णय पूरी तरह स्वेच्छा से लिया गया है और इसमें किसी प्रकार का दबाव या प्रलोभन शामिल नहीं है। उन्होंने इसे “मूल परंपरा में वापसी” बताया। कुछ संतों ने यह भी दावा किया कि ऐसे और लोग उनके संपर्क में हैं, जो भविष्य में इसी तरह के कार्यक्रमों के माध्यम से अपनी आस्था बदलना चाहते हैं।
पहले भी हो चुके हैं ऐसे आयोजन
हरिद्वार के हर की पौड़ी क्षेत्र में इससे पहले भी इस तरह की धार्मिक गतिविधियां सामने आ चुकी हैं। हाल ही में एक पदयात्रा भी यहां पहुंची थी, जिसका उद्देश्य उन लोगों को सामने लाना बताया गया था जो अपनी आस्था बदल चुके हैं या बदलना चाहते हैं।



